टीम एबीएन, रांची। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी झारखंड राज्य सचिव महेंद्र पाठक, जिला सचिव अजय कुमार सिंह ने कहा कि झारखंड के निर्माण के 23 वर्ष बीत गए, लेकिन आज तक राज्य में किसानों के हक और अधिकार के लिए विस्थापन नीति नहीं बनी, विस्थापन आयोग का गठन भी नहीं हुआ, पुनर्वास नीति भी सरकार नहीं बना पाई और जिसके चलते राज्य में किसानों को अधिकार नहीं मिल पा रहे हैं।
राज्य में भूमि अधिग्रहण कानून 2013 लागू नहीं है
पाठक ने आज कहा कि राज्य में भूमि अधिग्रहण कानून 2013 लागू नहीं है। राज्य में 2300000 हेक्टेयर भूमि जरूरत के लिए भूमि बैंक में डाल दिया गया है। राज्य में गैरमजरूआ जमीन को लेकर जगह- जगह पर लड़ाइयां चल रही है।
राज्य में दर्जनों कोल ब्लॉक पावर प्लांट, डैम सड़क रेलवे लाइन बनाया जा रहा है। विकास के नाम पर किसानों की बहु फसली जमीन लाठी-डंडे के बल पर लूटी जा रही है। चतरा, हजारीबाग, पलामू, गढ़वा में दर्जनों जगह पर आंदोलन चलाया जा रहा है।
27 जून को राजभवन के समक्ष धरना करेंगे वामदल
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी समेत सभी वाम दल ने सर27 जून कार से मांग की है कि राज्य में अभिलंब विस्थापन आयोग का गठन किया जाए एवं विस्थापन नीति बनाया जाए। गैरमजरूआ जमीन की रसीद अविलंब चालू किया जाये।
उपरोक्त मांगों के समर्थन में वामदलों ने 27 जून 2023 को राजभवन के समक्ष महाधरना का आयोजन किया है। इसमें भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, भाकपा (माले), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी, मार्क्सवादी कोआडिर्नेशन कमेटी, राष्ट्रीय जनता दल, जनता दल यूनाइटेड सहित कई संगठनों के लोग भाग लेंगे।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse