झारखंड : मजदूरों की बल्ले-बल्ले, सरकार ने बढ़ाई न्यूनतम मजदूरी दर

 

टीम एबीएन, रांची। झारखंड में श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी बढ़ा दी गई है। अब किसी भी श्रमिक को कम से कम 400.86 रुपये प्रति दिन देना होगा। इससे पहले मजदूरों को 329.68 रुपये सरकारी मजदूरी देने का प्रावधान था। श्रम विभाग ने न्यूनतम मजदूरी की नई दरों को लेकर अधिसूचना जारी कर दी है। झारखंड में श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी बढ़ा दी गई है। नई दर की घोषणा करते हुए श्रम विभाग ने इसे 1 अक्टूबर 2022 से प्रभावी किया है, जिसमें 8 जनवरी 2020 से मिल रहे मजदूरी दर में परिवर्तन करते हुए सभी मजदूरों के वेतन में बढ़ोतरी करने का निर्देश दिया गया है। राज्य में बड़ी संख्या में अकुशल कर्मचारी और मजदूर हैं जिन्हें इस बढ़ोतरी का लाभ मिलेगा। वर्तमान समय में 8571.78 रुपये प्रतिमाह वेतन मिलता है, इस बढ़ोतरी के बाद अब इनका मासिक वेतन 10422.43 रुपये हो जायेगा। वहीं, डेली बेसिस पर भी कार्यरत मजदूरों और कर्मचारियों का मानदेय न्यूनतम 400. 86 रुपये मिलेगा। इसी तरह अकुशल कर्मचारी को 8977.48 पैसे पहले मिलते थे और बढ़ोतरी होने के बाद इन्हें 10915.71 रुपये वेतन मिलेगा। न्यूनतम मजदूरी में 71.22 रुपये की वृद्धि की गई है। श्रम विभाग ने न्यूनतम मजदूरी दर में वीडीए यानी परिवर्तनशील महंगाई भत्ता में की गई बढ़ोतरी के बाद यह फैसला लिया है। जिसके तहत न्यूनतम मजदूरी में 71.22 पैसे की वृद्धि की गई है। राज्य सरकार के इस फैसले के बाद उन श्रमिकों को लाभ मिलेगा जो या तो डेली वेजेज पर काम करते हैं या अकुशल मजदूर के रुप में प्रतिदिन काम करते हैं। इस फैसले का लाभ पुरुष और महिला मजदूरों को एक समान लाभ मिलेगा। झारखंड में सबसे ज्यादा कृषि क्षेत्र में मजदूर हैं जिनकी संख्या 38 लाख 96 हजार 265 है। वहीं, कपड़ा व्यवसाय में 1 लाख 82 हजार 271 मजदूर हैं। वहीं ऑटोमोबाइल और ट्रांसपोर्टेशन में 1 लाख 28 हजार 154 मजदूर हैं। इसके अलावा बीएफ एसआई 652, कैपिटल गुड्स और मैनिफेक्चरिंग में 2 लाख 54 हजार 985 मजदूर हैं।

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