टीम एबीएन, रांची। मनरेगा घोटाला मामले में जेल में बंद निलंबित आईएएस पूजा सिंघल की जमानत याचिका पर आज (3 अगस्त ) सुनवाई होगी। उनके अधिवक्ता ने खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए जमानत देने का आग्रह किया था, जिसके बाद 26 जुलाई की सुनवाई में ईडी ने अपना पक्ष रखने के लिए समय की मांग की थी। ईडी की मांग के बाद कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए आज की तिथि निर्धारित की थी। आपको बता दें कि पूजा सिंघल के आवास और उनसे जुड़े कई ठिकानों पर ईडी ने छापेमारी के थी। इस दौरान उनके सीए सुमन कुमार के ठिकानों से 19 करोड़ से ज्यादा नकद बरामद किए गए थे। इस मामले में ईडी ने 11 मई को पूजा सिंघल को हिरासत में ले लिया था। निलंबित आईएएस पूजा सिंघल मनी लॉन्ड्रिंग मामले में न्यायिक हिरासत में जेल में बंद हैं। मई माह में ईडी की टीम ने उनके आवास सहित 25 ठिकानों पर छापा मारा था। इस छापेमारी में सीए सुमन कुमार के घर से 19 करोड़ से अधिक रुपये बरामद किये थे। पूजा सिंघल के खिलाफ ECIR 03/2018 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। पिछले दिनों विशेष अदालत में पूजा सिंघल की ओर से जमानत याचिका दायर की गई, जिस पर 19 जुलाई को अदालत में सुनवाई होगी। इस मामले में कई जिलों के डीएमओ से भी पूछताछ हो चुकी है। मनी लॉन्ड्रिंग केस में अब तक के अपडेट्सः ईडी ने निलंबित आईएएस अधिकारी पूजा सिंघल, उनके पति अभिषेक झा, सीए सुमन सिंह, खूंटी जिला परिषद के तत्कालिन कनीय अभियंता रामविनोद सिन्हा, तत्कालीन सहायक अभियंता राजेंद्र जैन, तत्कालीन कार्यपालक अभियंता जयकिशोर चौधरी, खूंटी विशेष प्रमंडल के तत्कालीन कार्यपालक अभियंता शशि प्रकाश के खिलाफ भी मनी लाउंड्रिंग की धारा 3, 4 और पीसी एक्ट की संगत धाराओं के तहत आरोप पत्र दाखिल की है। 5 जुलाई को ईडी की टीम ने तकरीबन 200 पन्नों की चार्जशीट ईडी के विशेष न्यायाधीश प्रभात कुमार शर्मा के कोर्ट में दायर की। वहीं, ईडी ने तकरीबन पांच हजार पन्नों से अधिक का साक्ष्य भी कोर्ट में जमा कराया है। ईडी के अधिकारी दो बक्सों में कागजात लेकर कोर्ट पहुंचे थे। आरोप पत्र में छह से 25 मई तक ईडी की ओर से की गयी कार्रवाई की जिक्र है। इस आरोप पत्र में ईडी की ओर से कहा गया है कि इस मामले की जांच अभी जारी है और इसमें पूरक आरोपपत्र भी दाखिल किया जाएगा। आरोप पत्र के साथ ईडी ने जो दस्तावेज दिए हैं, वह पूजा सिंघल, सीए सुमन सिंह, अभिषेक झा और कुछ जिलों के खनन पदाधिकारियों से पूछताछ को बाद ईडी को हाथ लगे थे। ईडी के आरोप पत्र में बताया गया है कि चतरा, खूंटी और पलामू में डीसी रहते हुए उनके खातों में उनकी सैलरी से 1.43 करोड़ रुपये अधिक थे।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse