एबीएन सेंट्रल डेस्क। खुदरा महंगाई में नरमी के संकेतों और आर्थिक वृद्धि को बढ़ावा देने की जरूरत को देखते हुए आरबीआई सोमवार से शुरू हो रही मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक में रेपो दर में 0.25 से 0.35 फीसदी की बढ़ोतरी कर सकता है। तीन दिवसीय एमपीसी बैठक के नतीजे 7 दिसंबर यानी बुधवार को आयेंगे।
केंद्रीय बैंक इस साल मई से अब तक रेपो दर में 1.90% की वृद्धि कर चुका है। इसके बावजूद खुदरा महंगाई जनवरी से ही 6% के संतोषजनक स्तर से ऊपर बनी हुई है। घरेलू कारकों के अलावा आरबीआई नीतिगत दर में वृद्धि को लेकर अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व का अनुसरण कर सकता है। फेडरल रिजर्व ने इस माह के अंत में दरों में कुछ कम वृद्धि का संकेत दिया है। इंडिया रेटिंग्स एंड रिसर्च में मुख्य अर्थशास्त्री डीके पंत ने कहा कि महंगाई घटने की उम्मीद है। हालांकि, इस तिमाही में यह 6 फीसदी के ऊपर ही रहेगी। ऐसे में आरबीआई दिसंबर, की मौद्रिक नीति समीक्षा में रेपो दर 0.25 फीसदी बढ़ा सकता है। बैंक ऑफ बड़ौदा के मुख्य अर्थशास्त्री मदन सबनवीस ने कहा, इस बार दरों में 0.25 से 0.35 फीसदी तक ही वृद्धि होगी। अनुमान है कि रेपो दर इस वित्त वर्ष में 6.5% पर पहुंच जायेगी। यानी फरवरी में एक और वृद्धि देखने को मिलेगी।
कोटक महिंद्रा बैंक के शांति एकंबरम ने कहा, केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व जैसे नरम रुख अपना सकता है।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse