एबीएन सेंट्रल डेस्क (महाकुंभ नगर)। महाकुंभ में सोमवार की सायं 4 बजे तक 54 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगा कर रिकार्ड बनाया है। यह महाकुंभ महाशिवरात्रि तक चलेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि अपनी संस्कृति और परंपराओं को सम्मान देकर किस तरह देश की एकता और आर्थिकी को प्रोत्साहित किया जा सकता है, यह महाकुंभ के अवसर पर सहज ही अनुभव किया जा सकता है।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि महाकुंभ में अब तक 53 करोड़ श्रद्धालु संगम में आस्था की पावन डुबकी लगा चुके हैं। अगले 9 दिन तक यह उत्सव इसी रूप में चलेगा। यही भारत की पोटेंशियल है। भारत की आस्था को यदि सम्मान दिया गया होता तो भारत और भी ऊंचाइयों को प्राप्त किया होता।
उन्होंने कहा कि 2013 में प्रयागराज कुंभ में 55 दिन के आयोजन में 12 करोड़ श्रद्धालु आये थे। 2019 में अर्धकुंभ को हमने कुंभ के रूप में आयोजित किया, तब लगभग 24 करोड़ श्रद्धालु आए थे। इस बार प्रयागराज महाकुंभ में 45 दिन के आयोजन में बीते 36 दिन में 53 करोड़ श्रद्धालु आ चुके हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 35 दिन के अंदर 40 रूटीन के साथ फ्लाइट के साथ ही 700 से अधिक चार्टर उतरे हैं। रेलवे को प्रतिदिन सैकड़ों मेला स्पेशल रेल चलानी पड़ रही है। परिवहन निगम की 14 हजार बसों का बेड़ा चल रहा है। उन्होंने बताया कि 28 से 30 जनवरी तक 15 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाई।
28 को लगभग साढ़े पांच करोड़, 29 जनवरी को लगभग आठ करोड़ व 30 जनवरी को ढाई करोड़ श्रद्धालु आये थे। केंद्र व राज्य सरकार ने अपने स्तर पर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध करायीं। इंफ्रास्ट्रक्चर-कनेक्टिविटी अच्छी हो, मेले का विस्तार हो, संगम में जल की प्रचुर मात्रा हो।
इस पर पहले से एक्सरसाइज की गई। अंतत: सारी व्यवस्थाओं व कार्यक्रम को आगे बढ़ाने में हमें सफलता प्राप्त हुई। सीएम ने कहा कि आस्था को सम्मान देने के साथ इसका इकॉनमिक आस्पेक्ट भी महत्वपूर्ण है।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse