गणतंत्र दिवस : कर्तव्य पथ पर दिखेगी भारत की सांस्कृतिक विरासत

 

  • गुजरात-बंगाल समेत इन राज्यों की झांकियों को मौका

एबीएन सेंट्रल डेस्क। गणतंत्र दिवस परेड के दौरान असम, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गुजरात, पश्चिम बंगाल और कई अन्य राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों की रंगारंग झाकियां गणतंत्र दिवस समारोह में कर्तव्य पथ पर दिखेंगी। रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने रविवार को बताया कि भारत की जीवंत सांस्कृतिक विरासत, आर्थिक और सामाजिक प्रगति को दर्शाने वाली कुल 23 झांकियां इस औपचारिक परेड का हिस्सा होंगी, जिनमें से 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की और छह विभिन्न मंत्रालयों और विभागों की होंगी। 

केंद्रीय मंत्रालयों और केंद्र सरकार की एजेंसियों में गृह मंत्रालय दो झांकियों (एक-एक नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल द्वारा)  को प्रदर्शित करेगा, जबकि एक-एक झांकी कृषि मंत्रालय, जनजातीय मामलों के मंत्रालय, संस्कृति मंत्रालय और केंद्रीय लोक निर्माण विभाग द्वारा प्रदर्शित की जायेगी जो आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के तहत आता है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने यहां संवाददाताओं को यह जानकारी दी।  

अधिकारी ने बताया कि शहर के राष्ट्रीय रंगशाला शिविर में कई झांकियों का पूर्वावलोकन आयोजित किया गया, जिनमें  उन्हें अंतिम रूप दिया जा रहा है। गणतंत्र दिवस परेड में कुल 23 झांकियां शामिल होंगी, जिनमें से 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की और छह विभिन्न मंत्रालयों और विभागों की होंगी। इसके अलावा, सेना, नौसेना और वायुसेना के दस्ते दिखाई देंगे। एक वाहन डीआरडीओ द्वारा प्रदर्शित किया जायेगा।

यह पूछे जाने पर कि क्या रेल मंत्रालय की ओर से झांकी होगी, उन्होंने कहा कि नहीं, इस साल की परेड में रेल मंत्रालय की कोई झांकी नहीं है। अधिकारी ने कहा कि इस साल विभिन्न राज्यों द्वारा अपनाया गया विषय सांस्कृतिक विरासत और अन्य के अलावा काफी हद तक नारी शक्ति है। पश्चिम बंगाल की झांकी में कोलकाता में दुर्गा पूजा को दर्शाया गया है।

असम की झांकी में प्रसिद्ध अहोम जनरल लाचित बोरफुकन और प्रसिद्ध कामाख्या मंदिर सहित इसके सांस्कृतिक स्थलों को दिखाया जायेगा। केंद्र सरकार ने पिछले साल अहोम जनरल की 400वीं जयंती मनायी थी। बोरफुक अहोम साम्राज्य में एक कमांडर थे और 1671 में सरायघाट की लड़ाई में  नेतृत्व के लिए जाने जाते हैं, जिसने असम पर कब्जा करने के मुगल बलों के प्रयास को विफल कर दिया था।

पिछले साल राजपथ का नाम बदलकर कर्तव्य पथ किये जाने के बाद यह पहला गणतंत्र दिवस समारोह होगा। परेड के लिए फुल ड्रेस रिहर्सल सोमवार को होगी। रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने पहले कहा कि 74वां गणतंत्र दिवस समारोह सेंट्रल विस्टा एवेन्यू में होगा और सरकार ने जनता के लिए 32,000 टिकट ऑनलाइन बिक्री के लिए रखे हैं।

Newsletter

Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.

We do not share your information.

Tranding

abnnews24

सच तो सामने आकर रहेगा

टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।

© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse