एबीएन डेस्क। दामोदर घाटी निगम (डीवीसी) ने राज्य सरकार के साथ उच्चस्तरीय बैठक में बनी सहमति के बाद शुक्रवार मध्य रात्रि से बिजली कटौती वापस ले ली। इसके पहले डीवीसी अधिकारियों की शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो और वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव के साथ प्रोजेक्ट भवन में बैठक हुई। बैठक के बाद डीवीसी चेयरमैन रामनरेश सिंह ने कटौती वापस लेने की घोषणा की। सीएम नाराज : सूत्रों के अनुसार डीवीसी अधिकारी मुख्यमंत्री के साथ बैठक करना चाहते थे, लेकिन सीएमओ से सहमति नहीं मिली। बताया जाता है कि सीएम डीवीसी के रवैये से नाराजे हैं इसलिए उन्होंने बैठक का समय नहीं दिया। डीवीसी मुख्य अभियंता (वाणिज्य) देवाशीष डे ने जेबीवीएनएल के महाप्रबंधक (वाणिज्य एवं राजस्व) को पत्र के माध्यम से बिजली कटौती वापस लेने की जानकारी दे दी। पत्र में लिखा गया है कि टॉप मैनेजमेंट के साथ झारखंड सरकार की बैठक में डीवीसी ने मासिक बिल नियमित भुगतान करने का आग्रह किया है। पूर्व के बकाए को डीवीसी एक फरवरी को सरकार के समक्ष रोडमैप पेश करेगा। डीवीसी के फैसले से सात जिलों को मिली राहत : कटौती वापस होने से डीसात जिलों चतरा, गिरिडीह, बोकारो, कोडरमा, हजारीबाग, रामगढ़ और धनबाद में बिजली की किल्लत दूर होगी। ज्ञात है कि डीवीसी ने बीते वर्ष छह नवंबर को जेबीवीएनएल पर 2173 करोड़ का बकाया भुगतान के लिए नोटिस दिया और कटौती शुरू कर दी थी। डीवीसी इन जिलों में रोज 600 मेगावाट बिजली की आपूर्ति करता है। नोटिस के मुताबिक हर दिन करीब 300 मेगावाट बिजली की कटौती की गई।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse