टीम एबीएन, रांची। झारखंड में भीषण ठंड ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है। राज्य के कई हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। आलम ये है कि बोकारो के स्कूली बच्चों को भीषण ठंड में बिना स्वेटर के स्कूल जाना पड़ रहा है क्योंकि यहां अभी तक छात्र-छात्राओं को स्वेटर नहीं मिला है।
बताया जा रहा है कि जिले के 9 प्रखंड में स्थित 1553 सरकारी स्कूलों में पढ़ाई कर रहे पहली कक्षा से लेकर आठवीं कक्षा तक के लगभग 1 लाख 42 हजार छात्र-छात्राओं को अभी तक स्वेटर नहीं मिला है जबकि नवंबर महीना बीतने को है।
मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में जिले का तापमान 10 डिग्री तक लुढ़कने की संभावना है। इस बढ़ती ठंड में जिले के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा एक से आठवीं तक के बच्चों को स्वेटर नहीं मिला है जिससे बिना स्वेटर के ही बच्चे स्कूल जाने को मजबूर हैं।
मामले में विभाग का कहना है कि राज्य सरकार से ही राशि का आवंटन प्राप्त नहीं हुआ है। इसके कारण राशि का वितरण नहीं किया गया है, लेकिन विभाग से राशि का आवंटन नहीं होने और बच्चों को देरी से राशि मिलने से ठंड में बच्चों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
बता दें कि ठंड के मौसम में हर साल जिले के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को पोशाक के साथ स्वेटर खरीदने के लिए राशि दी जाती है। इसमें स्वेटर के लिए कक्षा 1 से 5वीं तक के बच्चों को 600 रुपए और कक्षा 6 से 12वीं तक के बच्चों को 860 रुपए दिए जाते हैं। इसमें कक्षा 1 से 2 के बच्चों को एसएमसी के खाता में और कक्षा-3 से 12वीं तक के बच्चों के बैंक खाता में राशि भेजी जाती है।
टीम एबीएन, चाईबासा/ रांची। झारखंड के उग्रवाद प्रभावित पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) जिले में नक्सली गतिविधियां थमने का नाम नहीं ले रही हैं। नक्सलियों द्वारा जमीन के अंदर लगाए गए आईईडी की चपेट में आने से आम लोग लगातार नुकसान उठा रहे हैं।
शुक्रवार को जराईकेला थाना क्षेत्र के कोलभोंगा जंगल में आईईडी विस्फोट में एक महिला की मौत हो गयी, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गये। घटना की पुष्टि पश्चिमी सिंहभूम के एसपी अमित रेणु ने की है।
चाईबासा एसपी अमित रेनी ने बताया कि इस क्षेत्र में लंबे समय से नक्सलियों की गतिविधियां सक्रिय रही हैं। सुरक्षा बल लगातार अभियान चलाकर इलाके में नक्सल प्रभाव को कम करने का प्रयास कर रहे हैं। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और सीआरपीएफ की टीम मौके पर पहुंची व पूरे जंगल क्षेत्र में सर्च आपरेशन शुरू किया गया, ताकि अन्य किसी भी संभावित विस्फोटक को समय रहते निष्क्रिय किया जा सके।
एसपी ने कहा कि आईईडी नक्सलियों की सामान्य रणनीति का हिस्सा होता है, जिसका उद्देश्य ग्रामीणों और सुरक्षा बलों को निशाना बनाना होता है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध वस्तु, गड्ढे या तार जैसी चीज दिखाई देने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि किसी बड़ी दुर्घटना को टाला जा सके।
सूत्रों के अनुसार, ग्रामीण किसी कार्य से जंगल की ओर जा रहे थे। रास्ते में छिपाये गये आईईडी पर पैर पड़ते ही धमाका हो गया। विस्फोट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि एक महिला की मौके पर ही मौत हो गयी और दो महिलाएं गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ीं। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। सिरसा में वीरवार रात दोहरी हत्याकांड का मामला सामने आया। बेटे ने मां व उसके कथित प्रेमी को आपत्तिजनक अवस्था में देख लिया, जिससे गुस्से से उसका खून खौल गया। युवक ने अपनी मां और उसके कथित प्रेमी की गला घोंटकर हत्या कर दी।
शुक्रवार सुबह युवक दोनों के शव को पिकअप गाड़ी में डालकर सदर थाने पहुंचा और घटना को अंजाम देने की बात कबूल की। सदर थाना पुलिस ने दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए सिरसा के सामान्य अस्पताल में पहुंचा दिया है।
सिरसा के सदर थाना क्षेत्र के गांव थेहड़ सिकंदरपुर में वीरवार देर रात करीब दो बजे राजकुमार नमक युवक ने अपनी मां अंगूरी देवी (42) तथा उसके प्रेमी लेखराज (45) की चुन्नी से गला दबाकर हत्या कर दी।
युवक ने दोनों को आपत्तिजनक हालत में देख लिया था इसके बाद उसने दोहरे हत्याकांड की वारदात को अंजाम दिया। शुक्रवार सुबह करीब 9 आरोपी युवक राजकुमार अपनी मां व उसके प्रेमी के शवों को पिकअप गाड़ी में डालकर सिरसा के सदर थाना में पहुंचा और पुलिस को सारी वारदात के बारे में जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार आरोपी युवक ने बताया कि उसने अपनी मां को पहले भी कई बार समझाया था, लेकिन वह नहीं मानी। वही गांव थेहड सिकंदरपुर में हुए इस दोहरे हत्याकांड के बाद सनसनी मची हुई है और लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। डीएसपी राजेश कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। दोनों शवों का पोस्टमार्टम किया जा रहा है।
टीम एबीएन, रांची। आपकी सरकार आपके द्वार कार्यक्रम में महिलाओं की भीड़ देखी जा रही है। कैंप में महिलाएं मंईयां सम्मान योजना का फॉर्म भरती हुई दिखायी दे रही हैं। ऐसे तो और भी लोग अपनी समस्याएं लेकर आ रहे हैं, लेकिन मंईयां सम्मान योजना को लेकर महिलाओं की भीड़ ज्यादा देखी जा रही है।
ऐसे में अगर आप भी मंईयां सम्मान योजना का फॉर्म भरवाने जा रही है तो पहले ये खबर पढ़ लें। बता दें कि मंईयां योजना के फॉर्म के लिए कई दस्तावेजों की जरूरत पड़ती है, उनमें आधार कार्ड, राशन कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, पैन कार्ड, बैंक पासबुक, पासपोर्ट साइज फोटो और आधार से जुड़ा बैंक खाता शामिल हैं।
इन दस्तावेजों के साथ ही आपको मंईयां सम्मान योजना का फॉर्म भरते वक़्त इस बात का खास ध्यान रखना है कि आपके द्वारा दी गयी सारी जानकारी सही है। भूलकर भी अपना खाता नंबर भरने में कोई गलती न करें, नहीं तो योजना की राशि किसी दूसरे के खाते में जा सकती है। इसलिए फॉर्म भरते वक़्त आप सारी जानकारियां ध्यान से भरे ताकि कहीं भी कोई त्रुटि न हो पाये।
इतना ही नहीं, राशन कार्ड में आपका नाम बिल्कुल सही होना चाहिए। राशन कार्ड में नाम की गलती या अपूर्ण विवरण के कारण भुगतान से आप योजना के लाभ से वंचित रह जाओगे। इसके अलावा राशन कार्ड का केवाईसी पूरा न होने पर भी आपको इस योजना से वंचित होना पड़ सकता है। साथ ही, आवेदन फॉर्म में दर्ज राशन कार्ड नंबर सही है या नहीं, यह भी एक बार जरूर मिलान कर लें। यह भी चेक करें कि आपका आधार कार्ड बैंक खाते से लिंक हो और केवाईसी अपडेट हो।
टीम एबीएन, रांची। रांची विश्वविद्यालय के आर्यभट्ट सभागार में वन बंधु परिषद एवं श्री हरि कथा समिति के तत्वावधान में भारत के रंग, एकल के संग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। एकल अभियान नगरों में बसने वाले भारत और गांव जंगल में बसने वाले भारत के बीच का सेतु है। देश के कोने-कोने से आए ग्रामीण भारत के कलाकारों ने पारंपरिक नाच गान और नाटक के मंचन के माध्यम से नगर वासियों का दिल मोह लिया।
मुख्य अतिथि झारखंड हाईकोर्ट के न्यायाधीश न्यायमूर्ति दीपक रोशन ने कहा कि पारंपरिक नृत्य संगीत एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम हमें अपनी विरासत की याद दिलाते हैं एवं देश के कोने-कोने में बसे भारतवासियों को आपस में जोड़ते हैं।
सम्मानित अतिथि केंद्रीय राज्य रक्षा मंत्री एवं रांची से लोकसभा के सदस्य संजय सेठ ने कहा कि हममें से हर एक को हर समय देश पहले की भावना से काम करना है। देश है तो हम हैं। ग्रामवासी और वनवासी हमारे देश की मिट्टी के मूरत हैं और इन्हें अच्छी तरह से गढ़ना, सरकार के साथ-साथ नगर वासियों की जिम्मेवारी भी है।
सम्मानित अतिथि सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक नीलेंदु कुमार सिंह ने कहा कि उनकी सभी खदानें ग्रामीण वन्य इलाकों में ही है और वह इन इलाकों के वासियों से भली-भांति परिचित है। उन्होंने वन बंधु परिषद द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में किया जा रहे कार्य की प्रशंसा की और कहा कि सीसीएल ऐसे नेक कार्यों में हमेशा सहभागी है।
कार्यक्रम एवं हरि सत्संग समिति के संयोजक राजकुमार एवं करुणा ठाकुर ने बताया कि सभी कलाकार एकल विद्यालय से लिए गए हैं। गहन प्रशिक्षण के बाद इन्हीं कलाकारों ने यूरोप एवं अमेरिका के 60 से अधिक स्थानों में अपनी कला का सफल प्रदर्शन किया है। वन बंधु परिषद की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रेखा जैन जी एवं पूर्वी भारतके अध्यक्ष रमेश धारणीधरका ने दर्शकों को एकल अभियान से परिचित कराते हुए उनसे अभियान से जुड़ने का आग्रह किया।
भारत के रंग, एकल के संग कार्यक्रम में गणेश वंदना, देश भक्ति गीतों पर नाच गान, देश के अनेक राज्यों के पारंपरिक गीत संगीत, अतुलनीय भारत के दर्शन के साथ-साथ रामायण, कृष्ण जन्म इत्यादि की झांकियां भी दिखायी गयी। समापन पर भारत माता की आरती करते हुए दर्शक भाव विभोर हो गये।
कार्यक्रम के आयोजन में वन बंधु परिषद, रांची चैप्टर के अध्यक्ष आंचल किंगर, सचिव अजय दीप वाधवा के साथ महिला समिति एवं एकल युवा की महत्वपूर्ण भागीदारी रही। मंच संचालन कार्य अध्यक्ष प्रदीप जैन ने किया। यह जानकारी चैप्टर के मीडिया प्रमुख सुमित पोद्दार द्वारा दी गई।
टीम एबीएन, रांची। झारखंड का इतिहास बेहद गौरवशाली रहा है। देश के स्वतंत्रता संग्राम में झारखंड के कई वीर-वीरांगनाओं का इतिहास रहा है। अत्याधुनिक ऐतिहासिक अनुसंधान से बुली महतो का साक्ष्य प्राप्त हुआ है।
कोल विद्रोह एवं भूमिज विद्रोह में नेतृत्व प्रदान किया था। आज गुरुवार को भकुवाडीह मोड़ सोनाहातु में वीर बुली महतो के वास्तविक स्वरूप में भ्वय प्रतिमा का अनावरण किया गया। वंशज,ग्राम प्रधान व पाहन के साथ सिल्ली विधानसभा पूर्व प्रत्याशी देवेंद्रनाथ महतो ने विधिवत अनावरण किया।
पुष्प अर्पित करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित कर आशीर्वाद ग्रहण किया। वंशज परिवार को चिन्हित करते हुए मोमेटो भेंट कर सम्मानित किया गया। देवेंद्र नाथ महतो ने स्कूली बच्चों व भारी भीड़ के साथ बाजार टांड सोनाहातु से तिरंगा पदयात्रा करते हुए कार्यक्रम स्थल (भकुवाडीह मोड़) तक पहुंचे।
पदयात्रा करते हुए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने के दौरान पुलिस प्रशासन से थोड़ी बहसबाजी भी हुई। वंशजों के साथ शिलापट्ट अनावरण के बाद देवेन्द्र नाथ महतो ने स्थानीय सत्ताधारी विधायक को भी आड़े हाथ लेते हुए प्रशासन के साथ कार्यक्रम में व्यवधान का आरोप लगाया।
श्री महतो ने कहा कि विधायक, सांसद का पद बिल्कुल टेंपरेरी होता है। लेकिन स्वतंत्रता सेनानी और आंदोलनकारी का विचारधारा अमर होती है। हम लोग स्वतंत्रता सेनानी वीर भूली महतो के पदचिन्हों पर चलते हुए अन्याय के खिलाफ आंदोलनरत हैं।
बताते चलें कि अनावरण के उपरांत वीर बुली महतो के आंदोलन के पटकथा को दिखाते हुए नाटिका प्रस्तुत किया गया। स्थानीय कलाकारों द्वारा लोकल कल्चरल संगीत प्रस्तुत किया गया। जिस पर देवेंद्रनाथ महतो वंशज परिवार के साथ कार्यक्रम का आनंद लिया।
कार्यक्रम में रंगलाल सिंह मुंडा,दिनेश पाहन, राजीव तुलसी, फुलेश्वर बेठा, संतोष महतो, गोपेश्वर महतो, गुना भगत, सनी तिग्गा, पंचम एक्का, शिल्पी महतो, रंजीत महतो, गदाधर महतो, अभिराम महतो, अशोक महतो, सेवाराम महतो आदि सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे।
वंशज परिवार में प्रसिद्ध, संजय, मोहिनी कुमारी, गणेश, भोजोहरि, सरस्वती, सुदेश, हरेन, लक्ष्मण, धनीराम, मंगला देवी, निर्मला देवी, बसंत महतो,अर्जुन महतो, भीमसेन महतो,भोतुराम आदि वंशज व परिवार मौजूद रहे।
बताते चलें कि 27 नवंबर 1785 को कोडाडीह गांव के लांदुपडीह पंचायत में हुआ था। एवं 14 जून 1834 को ब्रिटिश सरकार द्वारा अंडमान निकोबार में काला पानी के सजा से बुली महतो का मृत्यु हुआ था।
टीम एबीएन, हजारीबाग/ रांची। संविधान दिवस के अवसर पर गुरुवार को कर्जन ग्राउंड स्टेडियम हजारीबाग परिसर में सपनों से सफलता तक एक दिवसीय खेल कार्यक्रम उद्घाटन संयुक्त रूप से डॉक्टर अभिषेक मिश्रा झारखंड राज्य प्रमुख एवं विशेश्वर यादव शिक्षक सह समाजसेवी हजारीबाग टीम ने गुबारा उड़ाकर शुभारंभ किया।
जिसमें 18 से 30 वर्ष तक महिलाएं खेल मे भाग लिया। हजारीबाग जिले के पांच प्रखंड, पदमा , सदर, कटकमसांडी टाटीझरिया और कटकमदाग प्रतियोगिता में भाग लिया।
खेल के उपरांत प्रथम स्थान कटकमसांडी, दूसरा स्थान सदर और तीसरा स्थान कटकमदाग रहा। मौके पर संयुक्त रूप से अतिथियों ने पुरस्कार का वितरण भी किया।
टीम एबीएन, रांची। शिक्षा के लिए भिक्षा : जनाक्रोश मार्च में आजसू छात्र संघ ने अपनी ताकत दिखायी। बापू वाटिका से निकलकर छात्रों ने राजभवन की ओर बढ़ने का प्रयास किया तो मछलीघर के पास पुलिस ने जनाक्रोश मार्च को कांके रोड होते हुए रातु रोड की तरफ डायवर्ट कर दिया।
इसके बाद छात्र रातु रोड की तरफ से राजभवन की ओर बढ़े तो पुलिस ने फ्लाईओवर के पास रोक दिया। आजसू नेताओं को पुलिस के साथ तीखी झड़प हो गयी। इसके बाद आजसू कार्यकर्ता नेता वहीं सड़क पर बैठ गये और हेमंत सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।
इसके बाद प्रशासन ने आजसू छात्र संघ को राजभवन को ज्ञापन देने के लिए आमंत्रित किया। राज्यपाल की अनुपस्थिति में आजसू नेताओं ने राजभवन कार्यालय को ज्ञापन सौंप दिया। आज बापू वाटिका, मोराबादी से आजसू छात्र संघ के हजारों कार्यकर्ता राजभवन के लिए जनाक्रोश मार्च शुरू किया।
मार्च में रांची, लोहरदगा, गुमला, हजारीबाग, रामगढ़, धनबाद, गिरिडीह, बोकारो सहित विभिन्न जिलों के सैकड़ों कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के हजारों छात्र-छात्राओं ने बड़ी संख्या में मार्च में शामिल होकर लंबित पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति भुगतान के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।
जनाक्रोश मार्च का नेतृत्व आजसू छात्र संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो, वरीय उपाध्यक्ष ऋतुराज शाहदेव, पीयूष चौधरी, महासचिव विशाल महतो, युवा आजसू के महानगर अध्यक्ष अमित यादव समेत अन्य नेताओं ने किया। मौके पर वरीय नेता संजय मेहता भी उपस्थित रहे।
हाथों में बैनर, पोस्टर, स्लोगन और छात्रवृत्ति भुगतान की मांग को लेकर छात्र समूह राजभवन की ओर बढ़े और मार्ग भर सरकार की लापरवाही के खिलाफ आवाज बुलंद करते रहे। राजभवन पहुंचकर छात्र प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा और आग्रह किया कि लंबित 2024-25 छात्रवृत्ति के तत्काल भुगतान किया जाये और ई-कल्याण पोर्टल पर सभी लंबित आवेदनों की स्थिति सार्वजनिक किया जाये। जिला स्तर पर हुई गंभीर देरी की जांच हो और पारदर्शी तथा समयबद्ध प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए तुरंत हस्तक्षेप किया जाये।
प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने कहा कि आज का मार्च किसी पार्टी या व्यक्ति का आंदोलन नहीं था। यह उन लाखों विद्यार्थियों की पुकार थी, जो बेहतर शिक्षा, समान अवसर और सुरक्षित भविष्य चाहते हैं। झारखंड सरकार को स्पष्ट संदेश मिल गया है, शिक्षा के साथ अन्याय अब बर्दाश्त नहीं होगा।
कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो ने कहा कि आज की वर्तमान सरकार अगर हर अंतिम छात्र को उसकी पूर्ण छात्रवृत्ति नहीं देती है, तो यह आंदोलन एक पल के लिए भी नहीं रुकेगा। न एक छात्र छूटेगा, न एक मांग अधूरी रहने दी जायेगी। आज सत्ता मौन है, इसलिए हमारी आवाज और प्रखर होगी। यह लड़ाई छात्रवृत्ति की नहीं, न्याय, अधिकार और जवाबदेही की है।
प्रदेश उपाध्यक्ष ऋतुराज शाहदेव ने तीखे शब्दों में कहा की छात्रवृत्ति कोई दया नहीं, यह हमारा अधिकार है। सरकार की चुप्पी ने लाखों विद्यार्थियों का अकादमिक वर्ष खतरे में डाल दिया है। अगर समाधान नहीं मिला तो छात्रों की आवाज और ऊंची होगी। यह लड़ाई शिक्षा बचाओ की है और इसे पूरे दमखम के साथ लड़ा जायेगा।
इसके अलावा देवा महतो, प्रताप सिंह, सत्यम सिंह, शुभम राणा, अमित सोनी, सक्षम झा, अमन साहू, मोहन रविदास, रवि रोशन, सौरभ यादव, कार्तिक गुप्ता, बिक्की हरिवंश, राजकिशोर महतो, जमाल गद्दी, अमित यादव, दीपक महतो, प्रशांत महतो आदि नेताओं ने जनाक्रोश मार्च को सफल बनाने में योगदान किया।
आजसू पार्टी के केंद्रीय महासचिव संजय मेहता ने कहा कि आजसू छात्र संघ का छात्रवृति की मांग को लेकर आंदोलन व्यापक तौर पर सफल रहा। सरकार छात्रों की बातों को सुने और संज्ञान में ले। यह आंदोलन स्वत: स्फूर्त था। आजसू छात्र संघ के आह्वान पर कैंपस से छात्र स्वयं आंदोलन में सम्मिलित होने पहुंचे। इस आंदोलन ने यह साबित कर दिया है कि सरकार आवेदन के जरिये किसी की बात नहीं सुन रही। समाज के सभी वर्गों को सरकार ने सड़क पर उतरने को मजबूर कर दिया है।
लाखों छात्रों के छात्रवृति को पेंडिग रखना युवा पीढ़ी को पढ़ाई से वंचित करने जैसा है। सरकार छात्र एवं युवाओं की भावनाओं को समझे। एक तरफ सरकार बड़े-बड़े इवेंट में खर्च कर रही है दूसरी तरफ छात्र छात्रवृति से वंचित हैं। लाखों मेधावी छात्र-छात्राओं की पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति महीनों से पेंडिंग पड़ी है। इसका सीधा मतलब है कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को उच्च शिक्षा से वंचित किया जा रहा है।
एक तरफ सरकार बड़े-बड़े आयोजनों, विज्ञापनों और इवेंटों में करोड़ों रुपये पानी की तरह बहा रही है, दूसरी तरफ हमारे बच्चे दो वक्त की रोटी व किताब-कॉपी के लिए मोहताज हो रहे हैं। यह दोहरा चरित्र बर्दाश्त से बाहर है। उक्त जानकारी केंद्रीय मीडिया संयोजक परवाज खान ने दी।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse