एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। झारखंड टी-20 लीग में शुक्रवार को खेले गये रोमांचक मुकाबले में कोयलांचल सुपर किंग्स ने छोटानागपुर रॉयल्स को 5 विकेट से शिकस्त दे दी। छोटानागपुर रॉयल्स द्वारा दिये गये 191 रनों के लक्ष्य को कोयलांचल सुपर किंग्स ने 19.1 ओवर में 5 विकेट खोकर हासिल कर लिया।
कोयलांचल सुपर किंग्स की इस जीत में कप्तान उत्कर्ष सिंह ने गेंद और बल्ले दोनों से शानदार प्रदर्शन करते हुए टीम की जीत में मुख्य भूमिका निभायी।
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी छोटानागपुर रॉयल्स की शुरुआत अच्छी रही। सलामी बल्लेबाज मो. नाजिम सिद्दीकी ने 19 गेंदों में 41 रनों की तेज पारी खेली, जबकि कप्तान विराट सिंह ने 22 गेंदों में 36 रन बनाये।
मध्यक्रम में हिमांशु द्विवेदी ने भी 17 गेंदों में 20 रनों का योगदान दिया। एक समय टीम ने लगातार अंतराल पर विकेट गंवाये, लेकिन निचले क्रम में चंदन कुमार महतो ने मैदान पर आते ही चौकों-छक्कों की बरसात कर दी। चंदन ने महज 18 गेंदों का सामना करते हुए 4 चौके और 5 गगनचुंबी छक्कों की मदद से 49 रनों की तूफानी पारी खेली।
उनकी इस पारी की बदौलत छोटानागपुर रॉयल्स ने 19.4 ओवर में सभी विकेट खोकर 190 रनों का मजबूत स्कोर खड़ा किया। कोयलांचल सुपर किंग्स की ओर से शुभम शर्मा ने 3, जबकि कप्तान उत्कर्ष सिंह, हर्ष राज और अमित कुमार ने 2-2 विकेट चटकाये। लक्ष्य का पीछा करने उतरी कोयलांचल सुपर किंग्स को कप्तान उत्कर्ष सिंह और शरनदीप सिंह भाटिया ने ठोस शुरुआत दिलायी।
दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 122 रनों की मजबूत साझेदारी हुई। कप्तान उत्कर्ष सिंह ने कप्तानी पारी खेलते हुए 32 गेंदों में 53 रन बनाये, जिसमें 1 चौका और 4 छक्के शामिल रहे। वहीं, शरनदीप सिंह भाटिया ने 30 गेंदों में 2 चौके और 2 छक्के लगाते हुए 39 रनों का योगदान दिया। मध्यक्रम में शुभम शर्मा ने भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की और मात्र 15 गेंदों में 31 रन (2 चौके, 2 छक्के) बनाकर रन गति को बनाये रखा।
अंत में लक्ष्य का पीछा करते हुए कोयलांचल ने कुछ विकेट जरूर गंवाये, लेकिन 19.1 ओवर में 192 रन बनाकर मैच अपने नाम कर लिया। छोटानागपुर रॉयल्स की तरफ से सुप्रियो चक्रवर्ती ने घातक गेंदबाजी करते हुए 3.1 ओवर में 29 रन देकर 5 विकेट झटके, लेकिन वे अपनी टीम को हार से नहीं बचा सके।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। न्यूजीलैंड के लिए सभी फॉर्मेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले और देश के सबसे बेहतरीन बल्लेबाजों में से एक माने जाने वाले केन विलियमसन ने शुक्रवार को इंटरनेशनल क्रिकेट से तुरंत संन्यास लेने की घोषणा की। न्यूजीलैंड क्रिकेट की वेबसाइट के अनुसार विलियमसन के इस ऐलान के साथ ही उनका 16 साल का शानदार इंटरनेशनल करियर खत्म हो गया।
इस दौरान उन्होंने अपने देश के लिए 378 इंटरनेशनल मैच खेले, कई बैटिंग रिकॉर्ड बनाये और क्रिकेट की दुनिया में सम्मान और प्रशंसा हासिल की। 35 साल के विलियमसन न्यूजीलैंड के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन (19,346 रन) बनाने वाले खिलाड़ी के तौर पर अपना करियर खत्म कर रहे हैं। इसमें 48 शतक और छह दोहरे शतक शामिल हैं।
विलियमसन के संन्यास का मतलब है कि वह इंग्लैंड में ब्लैककैप्स की मौजूदा टेस्ट सीरीज में आगे नहीं खेलेंगे। उनकी जगह लेने वाले खिलाड़ी की घोषणा बाद में की जायेगी। उनके आंकड़ों के अलावा विलियमसन की कप्तानी और लीडरशिप स्टाइल की भी बहुत तारीफ हुई।
उन्होंने 2016-2024 के सुनहरे दौर में तीनों फॉर्मेट में ब्लैककैप्स की कप्तानी की। इस दौरान टीम दो बार कउउ वर्ल्ड कप के फाइनल और तीन बार सेमीफाइनल में पहुंची और 2021 में पहली कउउ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप जीती।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। दिव्यांग क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड आॅफ इंडिया के तत्वावधान में हरियाणा, यमुनानगर में आयोजित टी-20 केसरी दिव्यांग क्रिकेट टूर्नामेंट इंडिया ए और इंडिया बी के बीच खेला जायेगा। आगामी 13 जून से 15 जून तक होने वाले इस राष्ट्रीय सीरीज में झारखंड के चार खिलाड़ियों का चयन हुआ है।
इंडिया ए टीम में निशांत कुमार उपाध्याय, नीरज कुमार और शौकत अली का चयन हुआ है जबकि इंडिया बी में वागीश त्रिपाठी को शामिल किया गया है। आज 11 जून 2026 को रांची से चारों खिलाड़ी रवाना हुए।
विदित हो कि रांची के निवासी निशांत कुमार उपाध्याय और वागीश त्रिपाठी भारत के लिए खेल चुके हैं। इन्होंने दुबई में आयोजित डीपीएल में भी शानदार प्रदर्शन किया था। शौकत अली नीम की अपने और राउंड प्रदर्शन से काफी प्रभावित किया है। राज्य स्तरीय टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन का इनाम नीरज कुमार को मिला है और वह पहली बार राष्ट्रीय टीम में शामिल हुए।
रांची के कोकर के रहने वाले नीरज ने कहा कि किसी की राष्ट्र स्तर के प्रतियोगिता में भाग लेना गर्व का विषय है, लेकिन इसका एक अतिरिक्त दबाव भी होता है। उन्होंने उम्मीद जतायी कि अन्य राष्ट्र स्तरीय खिलाड़ियों के सान्निध्य में उनका प्रदर्शन शानदार रहेगा और वह भी राष्ट्र स्तर पर अपना स्थान बनाने में कामयाब रहेंगे।
झारखंड के चार खिलाड़ियों के चयन पर झारखंड डिसेबल्ड क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल मेहता, सचिव सरिता सिंहा, दिव्यांगजन क्रिकेट के प्रणेता एवं कोच मुकेश कंचन, महिला क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों सहित गणमान्य लोगों ने खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दी एवं उनके शानदार प्रदर्शन की कामना की।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। झारखंड स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन के तत्वावधान में आयोजित होने वाली बहुप्रतीक्षित झारखंड टी-20 लीग का शानदार आगाज हो गया है। रांची के जेएससीए इंटरनेशनल स्टेडियम कॉम्प्लेक्स में खेले गये उद्घाटन मुकाबले में रांची टाइटंस ने छोटानागपुर रॉयल्स को एक बेहद रोमांचक मैच में 5 रनों से मात देकर टूनार्मेंट में विजयी शुरुआत की।
इस उद्घाटन मैच और ओपनिंग सेरेमनी के दौरान भारतीय क्रिकेट के दिग्गज और झारखंड के गौरव महेंद्र सिंह धोनी (एमएस धोनी) भी विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिनकी मौजूदगी ने स्टेडियम में मौजूद दर्शकों और युवा खिलाड़ियों के उत्साह को दोगुना कर दिया।
मैच में पहले बल्लेबाजी करने उतरी रांची टाइटंस की टीम ने निर्धारित 20 ओवरों में 10 विकेट खोकर 155 रनों का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। रांची टाइटंस की ओर से मध्यक्रम में राजदीप सिंह ने कप्तानी पारी खेलते हुए 23 गेंदों में 5 चौकों और 1 छक्के की मदद से सर्वाधिक 40 रन बनाये। उनके अलावा युवराज कुमार ने 23 गेंदों में 38 रनों का अमूल्य योगदान दिया।
छोटानागपुर रॉयल्स की ओर से गेंदबाजी में ऋत्विक एम पाठक ने अपनी कातिलाना गेंदबाजी से सनसनी मचा दी। ऋत्विक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने 4 ओवरों के स्पेल में सिर्फ 17 रन देकर 6 महत्वपूर्ण विकेट चटकाये और रांची की टीम को बड़े स्कोर पर जाने से रोका। उनके अलावा सोनू कुमार सिंह को 2 सफलताएं मिलीं।
156 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी छोटानागपुर रॉयल्स की टीम निर्धारित 20 ओवरों में 9 विकेट के नुकसान पर 150 रन ही बना सकी और लक्ष्य से महज 5 रन दूर रह गयी। छोटानागपुर रॉयल्स की तरफ से कप्तान विराट सिंह ने मोर्चे से अगुवाई करते हुए 24 गेंदों में 44 रनों की आतिशी पारी खेली, जिसमें उन्होंने 6 चौके और 2 गगनचुंबी छक्के लगाये।
गेंद से 6 विकेट लेने के बाद ऋत्विक एम पाठक ने बल्ले से भी दम दिखाया और अंत में 10 गेंदों में 16 रन बनाये, जबकि सोनू कुमार सिंह ने 9 गेंदों में 12 रन बनाकर मैच को रोमांचक मोड़ पर पहुंचाया, लेकिन वे अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके।
रांची टाइटंस की ओर से बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए युवराज कुमार ने 4 ओवर में 29 रन देकर 2 विकेट झटके, जबकि कप्तान राजदीप सिंह ने किफायती गेंदबाजी करते हुए 4 ओवर में सिर्फ 17 रन देकर 2 महत्वपूर्ण विकेट अपने नाम किये और अपनी टीम की जीत सुनिश्चित की।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। महिला क्रिकेट के सबसे बड़े टूर्नामेंटों में से एक आईसीसी महिला टी-20 विश्व कप 2026 का आगाज 12 जून से होने जा रहा है। इंग्लैंड और वेल्स की मेजबानी में खेले जाने वाले इस टूर्नामेंट में दुनिया की 12 सर्वश्रेष्ठ टीमें खिताब के लिए मुकाबला करेंगी।
24 दिनों तक चलने वाले इस आयोजन का फाइनल पांच जुलाई को ऐतिहासिक लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड में खेला जायेगा। टूर्नामेंट का उद्घाटन मुकाबला मेजबान इंग्लैंड और श्रीलंका के बीच एजबेस्टन में खेला जायेगा। वहीं भारतीय फैंस की नजरें 14 जून पर टिकी होंगी, जब भारत और पाकिस्तान की टीमें आमने-सामने होंगी।
भारत और पाकिस्तान के बीच मुकाबला हमेशा से रोमांच और दबाव से भरा रहा है। ऐसे में टूर्नामेंट के शुरुआती दौर में ही यह टक्कर क्रिकेट प्रेमियों के लिए किसी बड़े उत्सव से कम नहीं होगी। भारत को ग्रुप चरण में आॅस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका जैसी मजबूत टीमों से भी भिड़ना है, जिससे उसके लिए सेमीफाइनल का रास्ता आसान नहीं रहने वाला।
महिला क्रिकेट के इतिहास में यह सबसे प्रतिस्पर्धी टी-20 विश्व कप माना जा रहा है। भारत की नजर पहली बार महिला टी-20 विश्व कप का खिताब जीतने पर होगी, जबकि आॅस्ट्रेलिया अपनी बादशाहत बरकरार रखने के इरादे से मैदान में उतरेगा। भारत-पाकिस्तान मुकाबले से लेकर लॉर्ड्स में होने वाले फाइनल तक, क्रिकेट प्रशंसकों को लगभग हर दिन रोमांचक मुकाबले देखने को मिलेंगे।
टीम एबीएन, रांची। अहमदाबाद में आयोजित वर्ल्ड योगासना चैंपियनशिप 2026 में स्वर्ण पदक जीतकर झारखंड का मान बढ़ाने वाले अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रोशन थापा जी का आज रांची एयरपोर्ट पर अत्यंत भव्य एवं उत्साहपूर्ण स्वागत किया गया।
इस प्रतियोगिता में कुल 78 देश के खिलाड़ी उपस्थित थे जिसमें लगभग 400 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया। इस ऐतिहासिक अवसर पर योगासना स्पोर्ट एसोसिएशन आॅफ झारखंड के अध्यक्ष मनोज तिवारी और सचिव चंदू कुमार कोषाध्यक्ष प्रशांत सिंह और मुख्य सलाहकार विपिन पांडे विशेष रूप से उपस्थित रहे और उन्होंने पदक विजेता का माल्यार्पण कर अभिनंदन किया।
साथ ही, रांची जिला योगासना स्पोर्ट्स एसोसिएशन की ओर से जिलाध्यक्ष डॉ संतोषी साहू, सचिव डॉ एस.के. घोषाल, कार्यकारी अध्यक्ष पीपी तिवारी, कोषाध्यक्ष राहुल सिंह, आर्य प्रहलाद भगत, रांची जिला योगासन स्पोर्ट एसोसिएशन के सम्मानित सदस्य रूपेश केसरी, शंकर राणा, चैताली मुखर्जी पूजा सिंह, राहुल रंजन, सुजीत, प्रदीप साहू, अजय कुमार महतो, अम्या अंशु, उषा शर्मा, मधु शर्मा, ऋतिका जोशी, मनीषा, पवन नंद राम, गंगाधर महतो, शत्रुघ्न, मनीषा सिंह, अनिशका और शिवराज बेबी, आरती पाण्डे सहित खेल प्रेमियों और पदाधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए रोशन थापा जी का उत्साहवर्धन किया।
इस गरिमामयी समारोह में सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी और सदस्य उपस्थित थे। सभी उपस्थित जनों ने रोशन थापा की इस अभूतपूर्व उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि यह जीत राज्य के युवाओं के लिए एक प्रेरणा स्रोत है।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। जर्मनी के स्टार टेनिस खिलाड़ी अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने आखिरकार अपने करियर का सबसे बड़ा सपना पूरा कर लिया। फ्रेंच ओपन 2026 के पुरुष एकल फाइनल में उन्होंने इटली के फ्लैवियो कोबोली को पांच सेट तक चले रोमांचक मुकाबले में 6-1, 4-6, 6-4, 6-7 (5-7), 6-1 से हराकर अपने करियर का पहला ग्रैंड स्लैम खिताब जीत लिया। पेरिस में खेला गया यह मुकाबला 4 घंटे 16 मिनट तक चला।
दूसरी वरीयता प्राप्त ज्वेरेव ने मुकाबले की शुरुआत शानदार अंदाज में करते हुए पहला सेट 6-1 से अपने नाम किया। हालांकि 10वीं वरीयता प्राप्त कोबोली ने दूसरे सेट में दमदार वापसी करते हुए 6-4 से जीत दर्ज कर मुकाबला बराबरी पर ला दिया। तीसरे सेट में ज्वेरेव ने फिर नियंत्रण हासिल किया और 6-4 से बढ़त बनायी।
चौथे सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच जबरदस्त संघर्ष देखने को मिला। सेट टाईब्रेक तक पहुंचा, जहां कोबोली ने 7-5 से जीत हासिल कर मुकाबले को निर्णायक पांचवें सेट में पहुंचा दिया। लेकिन आखिरी सेट में ज्वेरेव ने अपना अनुभव दिखाते हुए कोबोली की सर्विस दो बार तोड़ी और 6-1 से सेट जीतकर ट्रॉफी अपने नाम कर ली।
इस जीत के साथ ज्वेरेव फ्रेंच ओपन के ओपन एरा में खिताब जीतने वाले पहले जर्मन पुरुष खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले 1937 में जर्मनी के हेनर हेन्केल ने रोलां गैरोस का खिताब जीता था। यानी 89 साल बाद किसी जर्मन पुरुष खिलाड़ी ने फ्रेंच ओपन ट्रॉफी उठाई है।
ज्वेरेव इससे पहले तीन ग्रैंड स्लैम फाइनल में हार का सामना कर चुके थे। वह 2020 यूएस ओपन, 2024 फ्रेंच ओपन और 2025 आॅस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में जीत से चूक गए थे। हालांकि इस बार उन्होंने दबाव को पीछे छोड़ते हुए अपने करियर का पहला मेजर खिताब जीत लिया। जीत के बाद उनकी आंखों में खुशी के आंसू साफ नजर आये।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारत ने अफगानिस्तान को एकमात्र टेस्ट मैच में पारी और 300 रनों से हराया। भारत ने पहली पारी आठ विकेट पर 564 रन बनाकर घोषित की थी और अफगानिस्तान की पहली पारी तीसरे दिन 152 रन पर आॅलआउट की।
भारत को इस तरह 412 रनों की बढ़त हासिल हुई और टीम इंडिया ने अफगानिस्तान को फॉलोआॅन दिया। अफगानिस्तान की दूसरी पारी में बल्लेबाजी बेहद खराब रही और टीम 112 रन ही बना सकी। अफगानिस्तान ने दूसरी पारी में नौ विकेट गंवाये थे, लेकिन अशरफ बल्लेबाजी के लिए नहीं उतरे।
पहली पारी में बड़ी बढ़त मिलने के बाद भारत ने अफगानिस्तान को फॉलोआॅन दिया। हालांकि दूसरी पारी में भी मेहमान टीम की बल्लेबाजी में कोई सुधार देखने को नहीं मिला। अफगानिस्तान की ओर से सेदिकुल्लाह अटल ने सर्वाधिक 42 रन बनाये। पूरी टीम सिर्फ 112 रन पर ढेर हो गयी।
दूसरी पारी में केवल तीन बल्लेबाज ही दहाई का आंकड़ा पार कर सके। भारत की ओर से वॉशिंगटन सुंदर ने चार विकेट लिये, जबकि कुलदीप यादव ने तीन बल्लेबाजों को आउट किया। मानव सुथार ने एक और विकेट अपने नाम किया, जबकि मोहम्मद सिराज को भी एक सफलता मिली।
इस मैच की सबसे बड़ी सकारात्मक बात भारतीय टीम के लिए मानव सुथार का प्रदर्शन रहा। पदार्पण टेस्ट में उन्होंने पहली पारी में छह और दूसरी पारी में एक विकेट लेकर कुल सात विकेट हासिल किये। अपनी सटीक लाइन-लेंथ और नियंत्रण से उन्होंने अफगान बल्लेबाजों को लगातार दबाव में रखा और मैच में निर्णायक भूमिका निभायी।
भारत की पारी और 300 रन की जीत टेस्ट क्रिकेट में पारी के अंतर से उसकी सबसे बड़ी जीत बन गयी। इसके अलावा भारत ने 2023 के बाद पहली बार घरेलू टेस्ट में 550 से अधिक रन बनाये। वहीं 564 रन अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में किसी भी टीम द्वारा बनाया गया दूसरा सबसे बड़ा स्कोर रहा। हालांकि, यह मुकाबला विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) का हिस्सा नहीं था, इसलिए भारतीय टीम को अंक तालिका में कोई लाभ नहीं मिला।
इससे पहले, टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत यशस्वी जायसवाल और केएल राहुल ने संभलकर की। दोनों ने पहले विकेट के लिए 41 रन जोड़े। जायसवाल 24 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन इसके बाद केएल राहुल और साई सुदर्शन ने दूसरे विकेट के लिए 139 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी कर भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।
राहुल ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 165 गेंदों में 100 रन बनाये और अपने टेस्ट करियर का शतक पूरा किया। वहीं साई सुदर्शन ने 104 गेंदों में 81 रन की उपयोगी पारी खेली। इसके बाद कप्तान शुभमन गिल ने जिम्मेदारी संभाली और बेहतरीन शतक जड़ा। गिल ने 177 गेंदों पर 126 रन बनाये, जिसमें 15 चौके और एक छक्का शामिल रहा।
ऋषभ पंत ने भी आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए 81 रन बनाये। गिल और पंत के बीच चौथे विकेट के लिए 169 रन की साझेदारी हुई, जो अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में भारत की सबसे बड़ी साझेदारी बन गयी। निचले क्रम में वॉशिंगटन सुंदर ने नाबाद 52 रन की पारी खेली। भारत ने अपनी पहली पारी आठ विकेट पर 564 रन बनाकर घोषित की।
विशाल स्कोर के जवाब में अफगानिस्तान की बल्लेबाजी भारतीय गेंदबाजों के सामने पूरी तरह बिखर गयी। रहमत शाह ने संघर्ष करते हुए अर्धशतक लगाया, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से कोई खास सहयोग नहीं मिला। इस टेस्ट में भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय डेब्यू करने वाले बायें हाथ के स्पिनर मानव सुथार ने शानदार गेंदबाजी की।
उन्होंने अफगान बल्लेबाजों को लगातार परेशान करते हुए पहली पारी में छह विकेट झटके। प्रसिद्ध कृष्णा ने भी अहम सफलताएं दिलायी। अफगानिस्तान की पूरी टीम 152 रन पर सिमट गयी और भारत को 412 रन की विशाल बढ़त हासिल हुई।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse