एबीएन न्यूज नेटवर्क, बाघमारा (धनबाद)। एमएमडीआर संशोधन विधेयक 2026 के विरोध में शनिवार को बाघमारा प्रखंड मुख्यालय में आयोजित धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए झारखंड मुक्ति युवा मोर्चा के धनबाद जिलाध्यक्ष सूरज महतो ने केंद्र की नीतियों के खिलाफ जोरदार आवाज उठायी। उन्होंने कहा कि कोयलांचल के लोग वर्षों से इंतजार, विस्थापन, बेरोजगारी और भू-धंसान जैसी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। अब चुप बैठने का समय नहीं है।
अब आवाज उठाओ, साथ में आओ
सूरज महतो ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा, जब तक इंतजार करना था, कर लिया। जब तक देखना था, देख लिया और जब तक बेबस थे, तब तक बेबस रहे। अब कोई रास्ता नहीं बचा है। अब आवाज उठाओ और साथ में आओ। उन्होंने कहा कि कोयलांचल के नौजवानों को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होना होगा। उनके अनुसार, कोयला क्षेत्र में रहने वाले स्थानीय और प्रभावित परिवारों के युवाओं को रोजगार एवं आर्थिक गतिविधियों में भागीदारी का अवसर मिलना चाहिए।
हर प्रभावित परिवार के एक युवा को 100 टन कोयले के डीओ की मांग
सूरज महतो ने कहा कि कोयलांचल क्षेत्र में रहने वाले प्रत्येक प्रभावित परिवार के कम से कम एक युवा को 100 टन कोयले का डीओ लगाने का अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार को आवश्यक अनुमति की व्यवस्था करनी चाहिए, ताकि स्थानीय युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार का अवसर मिल सके। उन्होंने कहा, जब कोयले की चर्चा केंद्र में होती है, राज्य में होती है और पूरे देश में होती है, तो कोयलांचल का नौजवान पीछे क्यों रहे? यहां के युवाओं को भी अपने क्षेत्र के संसाधनों से जुड़े अवसर मिलने चाहिए।
जन, जल, जंगल और जमीन पर पहला अधिकार स्थानीय लोगों का
भाषण के दौरान सूरज महतो ने कोयलांचल में लगातार सामने आ रही भू-धंसान की घटनाओं का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि खनन प्रभावित इलाकों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षा, पुनर्वास और रोजगार से जुड़े सवालों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जन, जल, जंगल और जमीन हमारा है, तो सबसे पहले अधिकार भी हमारा होना चाहिए। उन्होंने जात-पात और आपसी भेदभाव को छोड़कर कोयलांचल के युवाओं से क्षेत्रीय मुद्दों पर एकजुट होने की अपील की।
आज आवाज नहीं उठायी तो कल कोई अधिकार दिलाने नहीं आयेगा
सूरज महतो ने कहा कि युवाओं को अपने भविष्य को लेकर स्वयं आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि यदि आज नीतियों और स्थानीय अधिकारों से जुड़े सवालों पर आवाज नहीं उठायी गयी, तो भविष्य में समस्याएं और गंभीर हो सकती हैं। उन्होंने धरना-प्रदर्शन में मौजूद लोगों से एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि झारखंड मुक्ति युवा मोर्चा कोयलांचल क्षेत्र के युवाओं और प्रभावित परिवारों के मुद्दों को लगातार उठाता रहेगा।