- धनबाद-हावड़ा डबल डेकर ट्रेन की कहानी खत्म!
- 15 साल पहले मची थी धूम, अब यार्ड में खड़ी ट्रेन होगी स्क्रैप!
एबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद। कभी धनबाद से हावड़ा के बीच दौड़ने वाली डबल डेकर ट्रेन यात्रियों के बीच आकर्षण का केंद्र हुआ करती थी। 1 अक्टूबर 2011 को देश की पहली एसी डबल डेकर ट्रेन के रूप में इसकी शुरुआत हुई थी। ट्रेन के दो मंजिला कोच को देखने और उसमें सफर करने को लेकर यात्रियों में खासा उत्साह था।
लेकिन करीब 15 साल बाद इस ट्रेन की कहानी अब अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गई है। 2014 से हावड़ा यार्ड में खड़ी ट्रेन को स्थायी रूप से बंद करने और स्क्रैप करने की तैयारी की जा रही है। बताया गया कि बीच में ट्रेन को दोबारा पटरी पर उतारने की उम्मीद जगी थी। रेलवे की पीसीएमई कॉन्फ्रेंस में पूर्व रेलवे ने ट्रेन के भविष्य को लेकर रेलवे बोर्ड से समाधान मांगा था। हालांकि, रेलवे बोर्ड की अनुमति के बाद अब इसे स्थायी रूप से बंद करने का निर्णय लिया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, अधिक किराया और यात्रियों के अनुकूल समय नहीं होने के कारण ट्रेन को पर्याप्त यात्री नहीं मिले और परिचालन घाटे में चला गया। धनबाद के यात्रियों की फिर से डबल डेकर चलने की उम्मीद पर अब ब्रेक लग गया है।कभी पटरी पर दौड़कर लोगों की नजर खींचने वाली यह डबल डेकर ट्रेन अब हावड़ा यार्ड में खड़ी होकर रेल यात्रियों के लिए सिर्फ एक पुरानी याद बनकर रह जाएगी।